बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना (2021)

बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना क्या है?, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना 2021, beti bachao beti padhao in hindi

हमारे देश में हमेशा से ही महिलाओं के अधिकारों को दबाया जाता है। खासकर भारत के ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाले लोग लड़कियों से ज्यादा लड़कों को ही महत्व देते हैं। उनका मानना है कि लड़के उनके परिवार को आगे बढ़ाएंगे एवं उनके परिवार के लिए पैसे कमाके उनके परिवार का भरण पोषण करेंगे, जबकि छोटी बच्चियां केवल उनका दायित्व बढ़ाती है। इसीलिए उनके परिवार वाले लड़की के जन्म के समय ही उनकी हत्या कर देते हैं या उनकी छोटी उम्र में ही विवाह करके अपनी ज़िम्मेदारी से मुह मोर लेते है। इस तरह के अपराधों को रोकने के लिए देश के केन्द्रीय सरकार ने एक योजना की शुरुआत की है, जिसके तहत गरीब परिवारों की बेटियों को शिक्षित करने भविष्य में आगे बढ़ने के लिए उन्हें प्रोत्साहित किया जाता है।

आज के पोस्ट में हम इसी योजना के बारे में बात करेंगे। आज का आर्टिकल आप सभी के लिए बहुत ही Interesting होने वाला है और आज यंहा से आप सभी को बहुत कुछ सीखने को मिलेगा। इसीलिए आज के पोस्ट को पूरा पढ़े ताकि आपको भी बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना (beti bachao beti padhao in hindi) के बारे में हर एक छोटी से छोटी जानकारी हासिल हो सके। तो चलिए शुरू करते हैं और इस योजना के बारे में अधिक जानते हैं।

 beti bachao beti padhao in hindi
beti bachao beti padhao in hindi

बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना की शुरुआत

बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना की शुरुआत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने साल 2015 को 22 जनवरी के दिन हरियाणा राज्य के पानीपत में किया था। यह योजना 3 मंत्रालयों के द्वारा कार्यान्वित किया जा रहा है। वे तीन मंत्रालय है –

* महिला बाल विकास मंत्रालय

* स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्रालय और

* मानव संसाधन मंत्रालय

इस योजना के मुख्य उद्देश्य की बात करें तो इसका मुख्य उद्देश्य है, बुनियादी स्तर पर लोगों को प्रशिक्षण देकर उन्हें संवेदनशील बनाना और जागरूक बनाना। ताकि लोग सामुदायिक एकजुटता के माध्यम से अपनी सोच को बदल सके और पुरानी सोच को पीछे छोड़कर आगे की तरफ सोच सके।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यह योजना देश की बेटियों को स्वावलंबी बनाने व उनके भविष्य को उजागर करने के लिए लागू किया था। इस योजना से अब तक कई लोगों की सोच बदल चुकी हैं और बेटियां हर क्षेत्र में आगे भी बढ़ रही है। इस योजना के लागू होने से ही देश में बेटियों के प्रति लोगों का नजरिया भी बदला है। इस योजना के तहत मुख्य रूप से लड़के और लड़कियों के लिंग अनुपात में ध्यान केंद्रित किया गया है ताकि देश में महिलाओं के साथ हो रहे भेदभाव को रोका जा सके 

बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के लागू होने के बाद से लगभग सभी राज्यों में Multi – Sectoral District Plans भी लगाए जा रहे हैं। इस योजना में तहत लोगो में जागरूकता को बढ़ाने के लिए पिथौरागढ़ में नुक्कड़ नाटक का भी आयोजन किए जाते हैं। और यह नाटक केवल गांव क्षेत्र में ही नहीं, बल्कि बाजारों व शहरी क्षेत्रों में भी आयोजित किए जाते हैं। ताकि नाटक को देखने वाले बड़े व छोटे सभी वर्ग के लोग जागरूक बने। बेटियों के प्रति जागरूकता को बढ़ाने के साथी उस जिले में बालिका शिशु को बचाने और उनकी शिक्षा के लिए कई तरह के उपाय भी किए जा रहे हैं।

बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना का शुरुआत क्यों किया गया

भारत में जनसंख्या तेजी से बढ़ती जा रही है लेकिन दुख की बात यह है कि बढ़ती जनसंख्या के बीच में लड़कियों का अनुपात घटा हुआ दिख रहा है। भारत में साल 2001 के जनगणना के अनुसार हर हजार लड़कों पर 927 लड़कियां थी साल की। भले ही 2011 की जनगणना में आंकड़े थोड़े से बढ़ते हुए दिखे हजार लड़कों पर 946 लड़कियां l

लिंग अनुपात में ऐसी असमानता मानव के अस्तित्व के समाप्ति का संकेत है । इसीलिए इस गंभीर समस्या पर काबू पाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 22 जनवरी 2015 को बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना को हरियाणा के पानीपत जिले में लागू करने की घोषणा की। क्युकी देश के हरियाणा राज्य में लिंग अनुपात में असमानता का दर सबसे ज्यादा देखा गया था।  

बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना का उद्देश्य

  • लिंग चुनाव की प्रक्रिया को उन्मूलन करना।
  • बालिकाओं को शिक्षा के अधिकार को दिलवाना।
  • बालिकाओं का अस्तित्व, भविष्य व सुरक्षा सुनिश्चित करवाना।
  • बालिकाओं को शोषण से बचाना और उन्हें सही गलत के बारे में अवगत कराना।
  • लड़कियों को सामाजिक और वित्तीय रूप से स्वतंत्र बनाना ,
  • लोगों को बेटियों के प्रति जागरूक करना।
  • देश की महिलाओं के लिए कल्याणकारी सेवाओं में सुधार करना।
  • महिला व बालिकाओं के प्रति हो रहे अत्याचार और अपराधों को रोकना।
  • शिक्षा के साथ बेटियों को अन्य कार्यों में भी आगे बढ़ाना।
  • हर क्षेत्र में उनकी भागीदारी सुनिश्चित करना।
  • बेटियों को आत्मनिर्भर बनाना।
  • उन्हें यह विश्वास दिलाना कि वह हर क्षेत्र में अपने आप को साबित करके दिखा सकती हैं।

बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ के अंतर्गत एक और महत्व्वपूर्ण योजना

बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के अंतर्गत एक बचत योजना शुरू की गई है। जिसका नाम है सुकन्या समृद्धि योजना। यह एक खाता है जोकि छोटी बच्चियों के लिए खोला जाता है, जहाँ बच्ची के माता, पिता,अभिभावक अपनी बेटियों के लिए पैसे की बचत करते हैं। जिसका उपयोग बच्ची के शिक्षा, शादी के लिए किया जाता है। इस खाते में कोई टैक्स की अवधि नहीं होती, यह बच्ची के परिवार की वित्तीय स्थिति को सुधारने में कुछ हद तक मदद करता है।

इस योजना की शुरुआत केन्द्रीय सरकार द्वारा की गई है। लेकिन इसे महिला एवं बाल विकास मंत्रालय, मानव संसाधन विकास मंत्रालय और स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय का भी संयुक्त रूप से समर्थन प्राप्त है। ताकि महिला भ्रूणहत्या जैसे गुनाह समाप्त हो सके और संतुलित एवं शिक्षित समाज का गठन किया जा सके।  

बेटी बचाओ योजना के अंतर्गत सुकन्या समृद्धि योजना सबसे मुख्य घटक है जिससे कन्या भ्रूण हत्या और बालिकाओं को फाइनेंसियल सपोर्ट मिलता है.l जिसमें बालिका के जन्म को जश्न के रुप में मनाने के साथ उसे शिक्षा ग्रहण करने में सक्षम बनाया जाएगा। इस अभियान का उद्देश्य यही है की लड़कियों का जन्म,पोषण और शिक्षा बिना किसी भेदभाव के हो और समान अधिकारों के साथ वे देश की सशक्त नागरिक बने।   

बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ के लिए आवेदन करने की आयुसीमा 

इस योजना के तहत 10 वर्ष तक की सभी भारतीय नागरिकता प्राप्त बालिकाएं देश के किसी भी बैंक या पोस्ट ऑफिस में खाता खुलवाकर इस योजना का लाभ उठा सकती हैं।

सुकन्या समृद्धि योजना के तहत खाता खुलवाने के लिए जरुरी दस्तावेज

  • बच्ची के जन्म का प्रमाण पत्र ।
  • माँ-बाप या बच्ची की पालन-पोषण करने वाले का पहचान पत्र ।
  • माँ-बाप के पते का प्रमाण पत्र ।

सुकन्या समृद्धि खाते से सम्बंधित प्रमुख जानकारी 

  • यह खाता 1000 रूपए से खुलता है जोकी खाते में ही जमा रहता है।
  • इस खाते में प्रत्येक महीने 1000 रूपए जमा करना अनिवार्य है।
  • बालिका के 18 वर्ष की आयु पूरी होने पर इस खाते से 50% धनराशि उसकी पढ़ाई के लिए निकली जा सकती है।

सुकन्या समृद्धि योजना से बेटियों को मिलने वाले लाभ 

  • इस योजना के अंतर्गत खोले गए खाते में जमा की गयी राशि बालिका के 21 वर्ष पुरे होने पर निकाला जा सकता है।
  • इस योजना के तहत खोले गए खाते की धनराशि पर सरकार द्वारा किसी भी प्रकार का टैक्स नही काटा जाता है।
  • इस योजना के तहत खोले गए खाते पर सरकार द्वारा सबसे अधिक ब्याज दिया जाता  है। जोकि अन्य चीजों में दी जाने वाली ब्याज दर से बेहतर होगी।
  • इसके तहत सरकारी स्कूलों में पढने वाली बच्चियों को स्कूल फीस नहीं देनी पड़ती है। इसके अलावा कुछ प्राइवेट स्कूलों में भी बच्चियों के लिए विशेष डिस्काउंट दिए जाते हैं।

सुकन्या समृद्धि योजना के महत्वपूर्ण चरण (Scheme Phases):

  • पहला चरण :- यह अभियान राष्ट्रीय, राज्य और जिला स्तर पर आयोजित किया गया है। सबसे पहले इसे देश के चुने गए 100 जिलों में शुरू किया गया था।
  • दूसरा चरण :- इस योजना के दुसरे चरण में 11 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के 61 जिलों को शामिल किया गया।
  • इस योजना का पैन इंडिया विस्तार :- इस योजना में प्रधानमंत्री मोदी ने अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर पैन इंडिया विस्तार की घोषणा की। अब इस योजना को देश के 640 जिलों में लागू किया जाएगा।

आज आपने क्या सीखा?

आज के पोस्ट में हमने बेटी पढ़ाओ बेटी पढ़ाओ योजना (beti bachao beti padhao in hindi) के बारे में बात की और इस योजना से जुड़े हर एक छोटे बड़े पहलू को Cover करने का पूरा पूरा प्रयास किया। आशा करते हैं इस पोस्ट से आपको इस योजना के बारे में संपूर्ण जानकारी मिली होगी और आप इस योजना के हर पहलू को अच्छी तरह से समझे होंगे। इस पोस्ट में हमने बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के शुरुआत से लेकर इसका उद्देश्य तथा योग्यता के बारे में भी बात की। जो आशा करते हैं आपको जरूर पसंद आया होगा। तो अगर आपको यह आर्टिकल अच्छा लगा और यहाँ से आपको अच्छा व उपयोगी कुछ सीखने को मिला तो ऐसा इस post को जरूर से जरूर लाइक करें और इसको जितना हो सके उतना शेयर करें। अगर आपका कोई सवाल है या इस योजना से जुड़ा कोई संदेह है तो आप हमें कमेंट करके पूछ सकते हैं। साथ ही अपना कीमती सुझाव भी हमें कमेंट करके दे सकते हैं। आज के पोस्ट में बस इतना ही। हमारे साथ बने रहने के लिए धन्यवाद।

यह भी पढ़िए :-

Leave a Comment

IBPS Clerk Prelims Result Declared Attitude And Stylish Instagram Bio For Boys 2022 Iraqi cleric tells loyalists to leave streets after clashes Cobra Tamil Movie Trailer Out Now ICSI CS Result: Institute of Company Secretaries of India Result